मसूरी। मसूरी देहरादून मार्ग पर एक पिकअप चालक की संदिग्ध अवस्था में मौत हो गयी। सूचना पर कोतवाल देवेंद्र चौहान पुलिस बल लेकर मौके पर पहुंचे व पचायतनामा भर कर शव को पोस्टमार्टम के लिए देहरादून कोरोनेशन अस्पताल भेज दिया गया।
प्रातः पौने आठ बजे कोलूखेत चौक पर अनुज पुत्र दर्शन लाल, निवासी टकराना, कैम्पटी, जनपद टिहरी गढ़वाल, उम्र 28 वर्ष ने उपस्थित होकर सूचना दी गई कि उसका छोटा भाई मनीष कुमार पुत्र दर्शन लाल निवासी टकराना, कैम्पटी, जनपद टिहरी गढ़वाल, उम्र 21 वर्ष, जो पिकअप वाहन चलाने का कार्य करता है, वह आज प्रातः लगभग 3-30 बजे पिकअप वाहन संख्या यूके 07सीडी 7644 से मसूरी से देहरादून के लिए रवाना हुआ था। सूचनाकर्ता अनुज ने बताया कि वह स्वयं भी पिकअप वाहन चलाने का कार्य करता है तथा आज प्रातः लगभग 7 बजे अपनी पिकअप लेकर मसूरी से देहरादून की ओर जा रहा था। इसी दौरान ओल्ड मैगी पॉइंट के पास उसने अपने भाई मनीष की पिकअप वाहन को सड़क किनारे खड़ा देखा। संदेह होने पर वह अपने भाई की पिकअप के पास गया, जहां वाहन के बाएं डाले पर सफेद रंग की पतली रस्सी के सहारे मनीष कुमार को फंदे पर लटका हुआ देखा गया। सूचनाकर्ता द्वारा बताया गया कि उसने तत्काल फंदा खोलकर मनीष को वाहन के अंदर लिटाया तथा घटना की सूचना चौकी कोलूखेत पर दी। सूचना प्राप्त होते ही पुलिस टीम द्वारा तत्काल मौके पर पहुंचकर घटनास्थल का निरीक्षण किया गया। घटनास्थल को आवश्यकतानुसार सुरक्षित व सीलबंद करते हुए साक्ष्यों की सुरक्षा सुनिश्चित की गई तथा आवश्यक वैज्ञानिक साक्ष्य संकलन हेतु फील्ड यूनिट को सूचित किया गया है। पुलिस द्वारा घटनास्थल पर आवश्यक वैधानिक कार्यवाही की जा रही है। शव का पंचायतनामा एवं पोस्टमार्टम संबंधी कार्यवाही नियमानुसार की जा रही है। घटना के संबंध में सभी पहलुओं की जांच की जा रही है तथा पोस्टमार्टम रिपोर्ट एवं अन्य साक्ष्यों के आधार पर अग्रिम वैधानिक कार्यवाही की जाएगी। पुलिस मामले की गंभीरता से जांच कर रही है व आस पास के सीसीटीवी कैमरे खंगाल रही है। स्थानीय निवासी रघुवीर ने बताया कि मनीष उम्र 21 वर्ष हर रोज सुबह 3 बजे मसूरी से देहरादून सामान लेने के लिए जाता था और आज भी सुबह 3 बजे मसूरी से देहरादून की ओर चला था लेकिन मैगी प्वाइंट के निकट उसका शव मिला है उन्होंने आशंका जताई कि मामला संदिग्ध लग रहा है और इसकी जांच की जानी चाहिए उन्होंने कहा कि युवक किसी भी प्रकार के नशे का सेवन नहीं करता था और हर रोज सामान लेकर मसूरी आता था। गांडी के डाले में पतली प्लास्टिक की रस्सी से फांसी लगना मामले को गंभीर बना रहा है।
