मसूरी। पालिकाध्यक्ष मीरा सकलानी ने नगर पालिका परिषद सभागार के जीर्णोद्धार का रीबन काटकर उदघाटन किया। जिसके बाद एमपीजी कालेज के प्रांतीयकरण का एकल प्रस्ताव लाया गया जिसे सर्वसम्मति से पास किया गया।
नगर पालिका परिषद सभागार का उदघाटन पालिकाध्यक्ष मीरा सकलानी ने किया जिसके बाद हवन किया गया। वहीं पालिका बोर्ड बैठक आयोजित की गयी जिसमें नगर पालिका द्वारा संचालित एक मात्र डिग्री कालेज एमपीजी कालेज के प्रांतीय करण का प्रस्ताव लाया गया जिसे सदन से सर्वसम्मति से पास किया। इस मौके पर पालिकाध्यक्ष मीरा सकलानी ने कहा कि नगर पालिका द्वारा संचालित डिग्री कालेज जो भी बोर्ड आती है अपने हिसाब से कालेज को चलाने का प्रयास करता है शिक्षकों की राजनीति भी देखी है जिसके कारण लगातार छात्रों की संख्या कम हो रही है वर्तमान में वह एक राजनीति का अडडा बन गया है जबकि यह बहुत अच्छी जगह बना है जिसका लाभ आस पास के ग्रामीण क्षेत्रों के छात्र भी पढाई करने आते थे, जिस पर लगा कि इसका प्रांतीयकरण किया जाय ताकि समय समय पर शिक्षकों का स्थानांतरण भी होगा, व शासन इसे चलायेगा जिससे छात्रों का हित भी होगा। वर्तमान में कालेज की स्थिति दयनीय है व यहंा के छात्रों को पढाई के लिए देहरादून जाना पड़ रहा है, वर्तमान में शिक्षकों की मनमानी चल रही है। प्रांतीयकरण के बाद शिक्षा की गुणवत्ता बढेगी, इसके ढाचें में बदलाव आयेगा, व सबसे बड़ शिक्षकों का मुददा है जिन्हें दो साल से वेतन नहीं मिला है व अधिकरत अवकाश पर चले गये है जिससे शिक्षा प्रभावित हो रही है। ऐसी स्थिति में न खाली पद भरे जा सकते है,इसका केवल एकही विकल्प

प्रांतीयकरण है, जहां तक वर्तमान में कार्यरत आउट सोर्स व संविदा कर्मियों के नियमीकरण की बात करेगे ताकि उनकी रोजीरोटी प्रभावित न हो। इस मौके पर सभासदों ने कहा कि कालेज का प्रांतीयकरण छात्र हित में है लेकिन इसकी पूरी रूप रेखा तय करनी होगी कि कालेज, हास्टल व प्रधानाचार्य भवन के साथ अन्य संपत्ति भी दी जायेगी या नहीं। बैठक में पालिका करअधीक्षक अनिरूद्ध चौधरी ने बताया कि यह संपत्ति पालिका ने खरीदी थी, जो पालिका के नाम है एमपीजी कालेज को उतनी ही संपत्ति दी जायेगी जिसमें कालेज परिसर है, बाकी कार्य या बातें तभी सामने आयेंगी जब इसका प्रांतीयकरण होगा व इसका अनुबंध होगा, लेकिन इसमें पालिका व कर्मचारियों का हित पहले देखा जायेगा उसके बाद ही अनुबंध होगा। इस मौके पर पालिका के अधिशासी अधिकारी गौरव भसीन, अधिशासी अधिकारी रजनीश डोबरियाल, सभासद गौरी थपलियाल, शिवानी भारती, बबीता मल्ल, नीतू चौहान, रूचिता गुप्ता, अमित भटट, सचिन गुहेर, पवन थलवाल, रणवीर कंडारी, पंकज खत्री, जसबीर कौर, कार्यालय अधीक्षक चंद्रप्रकाश बडोनी सहित पालिका के अधिकारी मौजूद रहे।
